लोकसभा उपचुनाव : बिहार की समस्तीपुर सीट पर आपस में टकराएंगे ये दिग्गज

26804
0
SHARE

बिहार में विधानसभा के चुनाव में अभी एक साल का वक्त है, लेकिन, उसके पहले उपचुनाव को लेकर सरगर्मी तेज हो गई है। पांच जगहों पर विधानसभा का उपचुनाव के साथ ही समस्तीपुर में लोकसभा का उपचुनाव भी होना है। 21 अक्टूबर को मतदान होगा और 24 अक्टूबर को चुनाव के नतीजे आएंगे। दरअसल, लोकसभा चुनाव में समस्तीपुर की सुरक्षित सीट से एलजेपी की तरफ से रामचंद्र पासवान की जीत हुई थी। रामचंद्र पासवान केंद्रीय मंत्री रामविलास पासवान के छोटे भाई भी थे, जिनका दिल का दौरा पड़ने के बाद निधन हो गया था। वहां उपचुनाव होना है। पहले एनडीए की बात करें तो यह सीट पिछले लोकसभा चुनाव में एलजेपी के खाते में गई थी। अब रामचंद्र पासवान के निधन के बाद उस सीट पर उनके छोटे पुत्र प्रिंस राज चुनावी मैदान में उतरे है।

महागठबंधन की तरफ से इस सीट पर कांग्रेस के अशोक राम एक बार फिर से चुनावी अखाड़े में ताल ठोक रहे हैं। लोकसभा चुनाव में महागठबंधन की तरफ से इस सीट पर कांग्रेस के अशोक राम चुनाव मैदान में थे। वहीं आम जनमत पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष अनामिका पासवान समस्तीपुर सीट से ही पहली बार अपनी किस्मत आजमा रही है। सोमवार को अनामिका ने अपना नामांकन भी दाखिल कर दिया है। अनामिका ने अपनी पार्टी की पंजियन के लिए पहले ही चुनाव आयोग के पास आवेदन दे रखी है। लेकिन अभी तक उनकी पार्टी को चुनाव चिन्ह भी नहीं मिला है। अब देखना दिलचस्प होगा की अनामिका को आम जनमत पार्टी का उम्मीदवार माना जाता है या निर्दलीय उम्मीदवार। अनामिका पूर्व में हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा (से.) की प्रदेश महिला अध्यक्ष भी रह चुकी है। महागठबंधन की तरफ से जहां कांग्रेस के अशोक राम मैदान में हैं। बता दें कि 2019 के लोकसभा चुनाव में महागठबंध के तरफ से सिर्फ किशनगंज सीट पर कांग्रेस ने अपना खाता खोला था। यही वजह है की महागठबंधन और कांग्रेस को अशोक राम से काफी उम्मीद है। वहीं लोजपा की ये परम्परागत सीट रही है। NDA की तरफ से लोजपा के उम्मीदवार प्रिंस राज को पिता रामचंद्र पासवान के निधन से सहानुभूति वोट मिलने की भी उम्मीद है।

वहीं अनामिका भी राजनीतिक घराने से ही आती हैं। महिलाओं की समस्याओं को लेकर कई बार सड़कों पर उतरकर आक्रोशमार्च किया है। हमेशा सामाजिक लड़ाई भी लड़ी है। लिहाजा समस्तीपुर सीट पर पहली बार चुनाव लड़ रहे अनामिका और प्रिंस राज के बीच कांटे की टक्कर होने की उम्मीद है। वहीं अशोक राम इस चुनाव में पूरी ताकत लगाकर इस उपचुनाव को त्रिकोणीय बना दिया है। बता दें कि महाराष्ट्र और हरियाणा विधानसभा चुनाव के साथ ही देश के अलग-अलग राज्यों की 64 सीटों पर भी इसी दिन उपचुनाव होंगे। सभी की नजरें इस सीट पर टिकी है की दीवाली से पहले आनेवाले नतीजे से किस पार्टी की दीवाली मनती और किस पार्टी का दिवाला।

अजय झा

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here